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कलम ७- मुझे किसी भी रस में लुब्धता न हो ऐसी शक्ति दीजिए। समरसी आहार लेने की परम शक्ति दीजिए। BACK

प्रिय युवा मित्रों, जैसे पावर स्टेशन में ऊर्जा उत्पन्न करने के लिए गैस या कोयले की आवश्यकता होती है, वैसे ही हमारे शरीर को शक्ति देने के लिए आहाररूपी ईंधन की ज़रूरत पड़ती है। व्यक्ति के शारीरिक एवं मानसिक विकास और रोगमुक्त स्वस्थ जीवन के लिए संतुलित आहार का महत्वपूर्ण योगदान है। आजकल की आधुनिक जीवन शैली के जंक फूड्स जैसे कि पिज़्ज़ा, बगर्र, फ्राइज़, पावभाजी, वड़ापाव वगैरह जब हमारे रोज़ाना के आहार का हिस्सा बन चूके हैं और खाने-पीने के नियम एक ओर रह गए हैं तब आदर्श आहार संबंधी चर्चा करना आपको शायद निरर्थक लगेगा। लेकिन मुझे पूरा विश्वास है कि अक्रम यूथ के इस अंक में आहार संबंधी जो रसीली जानकारी परोसी गई है वह आपको रस में डुबा देगी। साथ ही सातवीं कलम की यथार्थ समझ आप सभी को समरसी आहार लेने की प्रेरणा देगी। इसके अतिरिक्त, अगर इस प्रकार का आहार न ले पाते हों तो उसमें बाधक सारे अंतराय दूर करने में सहायक भी होगी। जय सच्चिदानंद!